Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
‘गैंगस्टरां ते वार’ की शुरुआत के बाद पंजाब में गैंगस्टरों से संबंधित हत्याओं में भारी कमी, गोलीबारी ... मुख्य मंत्री ने हॉलैंड के महान हॉकी खिलाड़ी फ्लोरिस जान बोवेलैंडर से की मुलाकात, पंजाब के खिलाड़ियों... Road Accident: जिस घर से उठनी थी बेटे की बारात, वहां से उठी पिता की अर्थी; शादी के कार्ड बांटने निकल... Indore Viral News: गले में वरमाला और शादी का जोड़ा पहन DM ऑफिस पहुंचा दूल्हा, बोला- 'दुल्हन कैसे लाऊ... Bihar Bridge Collapse: तीन बार गिरे सुल्तानगंज पुल में 'वास्तु दोष'? निर्माण कंपनी अब करवा रही चंडी ... Kolkata Hospital Fire: कोलकाता के आनंदलोक अस्पताल में भीषण आग, खिड़कियां तोड़कर निकाले गए मरीज; पूरे... Kota British Cemetery: कोटा में हटेगा 168 साल पुराना 'विवादित' शिलालेख, भारतीय सैनिकों को बताया था '... Novak Djokovic Virat Kohli Friendship: विराट कोहली के लिए नोवाक जोकोविच का खास प्लान, भारत आकर साथ म... Salman Khan Vamshi Film Update: वामशी की फिल्म में सलमान खान का डबल रोल? हीरो के साथ विलेन बनकर भी म... Crude Oil Supply: भारत के लिए खुशखबरी! इराक और सीरिया का 15 साल से बंद बॉर्डर खुला, क्या अब और सस्ता...

मोबाइल-लैपटॉप बन रहे हैं ‘साइलेंट किलर’! गर्दन और आंखों के दर्द से बचना है तो आज ही बदलें ये 3 आदतें

आज के समय में मोबाइल और लैपटॉप हमारी ज़िंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं. काम, पढ़ाई, मनोरंजन और सोशल मीडिया, हर चीज़ के लिए स्क्रीन का इस्तेमाल बढ़ गया है. लंबे समय तक मोबाइल देखने या लैपटॉप पर काम करने से गर्दन झुकी रहती है और आंखों पर लगातार दबाव पड़ता है. इसकी वजह से गर्दन में जकड़न, दर्द और आंखों में जलन या भारीपन महसूस होने लगता है. कई लोग शुरुआत में इसे हल्की परेशानी मानकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन समय के साथ यह समस्या बढ़ सकती है. ऐसे में कुछ आदतों को सुधारना जरूरी है.

लगातार स्क्रीन देखने से नींद पर भी असर पड़ता है और सिरदर्द की शिकायत होने लगती है. अगर समय रहते ध्यान न दिया जाए, तो यह दर्द रोज़मर्रा की जिंदगी को प्रभावित कर सकता है. आइए जानते हैं कि इससे बचाव के लिए किन आदतों को सुधारना चाहिए.

गर्दन और आंखों के दर्द से बचाव के लिए किन आदतों को सुधारें?

लेडी हार्डिंग हॉस्पिटल में डॉ. एल.एच. घोटेकर बताते हैं कि गर्दन और आंखों के दर्द से बचने के लिए सबसे पहले स्क्रीन देखने की आदतों में बदलाव जरूरी है. मोबाइल या लैपटॉप इस्तेमाल करते समय सही पोस्चर बनाए रखें और गर्दन को ज्यादा झुकाने से बचें. लगातार घंटों तक स्क्रीन न देखें और बीच-बीच में ब्रेक लें. आंखों को आराम देने के लिए स्क्रीन की ब्राइटनेस सही रखें.

फोन को आंखों के बहुत पास लाने की आदत नुकसानदायक हो सकती है. इसके अलावा, काम करते समय कुर्सी और टेबल की ऊंचाई सही होनी चाहिए. गलत आदतें लंबे समय में दर्द को बढ़ा सकती हैं, इसलिए इन्हें समय रहते सुधारना जरूरी है.

नज़रअंदाज करने पर किन बीमारियों का खतरा?

अगर गर्दन और आंखों के दर्द को लंबे समय तक नजरअंदाज किया जाए, तो गंभीर समस्याएं हो सकती हैं. गर्दन में सर्वाइकल पेन, मांसपेशियों में खिंचाव और रीढ़ से जुड़ी दिक्कतें बढ़ सकती हैं. आंखों की रोशनी कमजोर होना, ड्राई आई सिंड्रोम और लगातार सिरदर्द की समस्या भी हो सकती है. कुछ मामलों में नींद की कमी और तनाव बढ़ने लगता है, जो मानसिक स्वास्थ्य को भी प्रभावित करता है.

ये आदतें भी अपनाएं

हर 20 मिनट में आंखों को आराम दें.

मोबाइल इस्तेमाल करते समय सही दूरी रखें.

गर्दन और आंखों की हल्की एक्सरसाइज करें.

स्क्रीन टाइम सीमित रखें.

सोने से पहले मोबाइल का इस्तेमाल कम करें.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.