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फ्लाइट टिकट, WhatsApp मैसेज और आखिरी गुड बाय … निकिता सिंघानिया और अतुल सुभाष के बीच क्या हुआ था उस रात?

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AI सॉफ्टवेयर इंजीनियर अतुल सुभाष सुसाइड केस (Atul Subhash Case New Update) को पूरे 16 दिन बीत चुके हैं. मामले में लगातार कई नई जानकारियां सामने आ रही हैं. अतुल की बीवी और मामले में आरोपी निकिता सिंघानिया (Nikita Singhania) समेत तीन आरोपी फिलहाल 15 दिन की न्यायिक हिरासत में हैं. 31 दिसंबर को उन्हें दोबारा कोर्ट में पेश किया जाएगा. बेंगलुरु पुलिस आरोपियों से लगातार पूछताछ कर रही है. अब इस केस में पता चला है कि अतुल और निकिता के बीच अलग होने से ठीक एक दिन पहले क्या बातें हुईं. यानि जब निकिता बेंगलुरु छोड़कर जा रही थी तो उस वक्त कपल के बीच क्या-क्या बातें हुईं.

अतुल ने 24 पन्नों के सुसाइड नोट (Atul Suicide Note) में इसका जिक्र किया था. अतुल के सुसाइड नोट के मुताबिक- साल 2021 में निकिता खुद उसका घर छोड़कर गई थी. वो नहीं जानता था कि निकिता हमेशा-हमेशा के लिए वहां से जा रही है. निकिता ने अतुल को कहा था कि वो वापस लौटेगी. अतुल ने ही उसके लिए फ्लाइट की टिकट भी बुक करवाई. जो कि बेंगलुरु से बनारस तक की थी. फ्लाइट बुक करवाने के बाद अतुल ने WhatsApp पर उसे टिकट का मैसेज भी भेजा. फिर निकिता वहां से उसे गुड बाय बोलकर चली गई.

इसके बाद जब वो जौनपुर पहुंची तो उसने अतुल को अपना असली रंग दिखाना शुरू कर दिया. अतुल के सुसाइड नोट की मानें तो निकिता ने इसके बाद न तो उससे ठीक से बात की. न ही बेटे व्योम से बात करवाई. अतुल उसे कई दफा WhatsApp पर मैसेज भी भेजता था कि बाबू (व्योम) से बात करवा दो. लेकिन निकिता ने बेटे से बात करवाना तो दूर की बात, अतुल के मैसेज का जवाब तक नहीं दिया. फिर अंत में बस यही लिखा कि मैं व्योम से बात नहीं करवाऊंगी.

‘निकिता ने दिखाए अपने रंग’

इसके बाद से अतुल और निकिता के बीच विवाद और ज्यादा बढ़ गया. अतुल ने वीडियो में कहा- मैं तो यही सोच रहा था कि निकिता वापस लौटेगी. लेकिन उसने वहीं से मुझे अपने रंग-ढंग दिखाना शुरू कर दिए. उसके बाद मेरे ऊपर एक के बाद एक 9 मुकदमे दर्ज करवा दिए गए. मुझे ऑफिस में सिर्फ 23 छुट्टियां मिलती हैं. बावजूद इसके मुझे 40 बार कोर्ट बुलाया गया. मैं अपनी बेगुनाही के सबूत देता रहा. लेकिन किसी ने भी मेरी नहीं सुनी. बीवी ने मेरे बेटे को औजार बनाकर मुझसे 80 लाख रुपये प्रति महीना मेंटेनेंस की डिमांड की. केस सेटल करने को कहा गया तो पहले एक करोड़ मांगे. फिर 3 करोड़ की डिमांड कर दी.

जज और पेशकार पर भी आरोप

अतुल ने कहा- जौनपुर फैमिली कोर्ट की जज रीता कौशिक और पेशकार माधव ने भी मुझसे सेटलमेंट के लिए 5 लाख रुपये की डिमांड की. मैं 80 हजार महीना कमाने वाला इतना पैसा कहां से लाता. मुझे इस कदर टॉर्चर किया गया कि अब मैं मरने जा रहा हूं. मेरे बेटे की कस्टडी मेरे माता-पिता को सौंपी जाए. अगर मुझे न्याय न मिले तो मेरी अस्थियां गटर में बहा देना.

31 दिसंबर को कोर्ट में सुनवाई

24 पन्नों का सुसाइड नोट लिख और 90 मिनट का वीडियो बनाकर 9 दिसंबर को रात साढ़े 11 बजे अतुल ने बेंगलुरु स्थित फ्लैट में फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया. 10 दिसंबर को अतुल के भाई विकास की तहरीर पर पुलिस ने पत्नी निकिता, सास निशा, साला अनुराग और चाचा ससुर सुशील सिंघानिया के खिलाफ केस दर्ज किया. 13 दिसंबर को चाचा ससुर को छोड़ बाकी के तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया. अब इस केस में 31 दिसंबर को तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जाएगा.

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