Iran-USA Tension: अमेरिका के हमले के खतरे के बीच मुंबई में ईरानी अधिकारी की सीक्रेट मीटिंग, क्या है पूरा मामला?
ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सेक्रेटरी अली लारीजानी ने डिप्टी नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर पवन कपूर से मुलाकात की और बातचीत की है. मुंबई में ईरान के कॉन्सुलेट जनरल ने X पर यह अपडेट शेयर करते हुए कहा, “ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सेक्रेटरी अली लारीजानी ने भारत गणराज्य के डिप्टी नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर पवन कपूर से मुलाकात की और बातचीत की.”
यह बातचीत अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच अहम मानी जा रही है, जो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से तेहरान को रुकी हुई न्यूक्लियर बातचीत को लेकर दी गई कड़ी चेतावनी के बाद और भी खराब हो गए हैं.
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में कहा कि वेनेजुएला की ओर भेजे गए पिछले बेड़े से भी बड़ा एक अमेरिकी नौसैनिक बेड़ा तेजी से आगे बढ़ रहा है. उन्होंने आगे कहा कि यह फोर्स तैयार, इच्छुक और सक्षम है कि अगर ज़रूरत पड़ी तो तेजी और हिंसा के साथ अपने मिशन को पूरा कर सके.
ईरान से बातचीत की ट्रंप को उम्मीद
तेहरान को बातचीत की मेज पर वापस लाने के लिए कहते हुए, ट्रंप ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि ईरान जल्दी से ‘मेज पर आएगा’ और एक निष्पक्ष और न्यायसंगत डील करेगा, कोई न्यूक्लियर हथियार नहीं – एक ऐसी डील जो सभी पक्षों के लिए अच्छी हो.”
उन्होंने चेतावनी दी कि समय खत्म हो रहा है और स्थिति को वास्तव में बहुत जरूरी बताया. पहले के एक टकराव को याद करते हुए, ट्रंप ने लिखा, “जैसा कि मैंने ईरान से पेहले भी कहा था, एक डील करो! उन्होंने नहीं किया, और ‘ऑपरेशन मिडनाइट हैमर’ हुआ, जो ईरान का एक बड़ा विनाश था.”
ट्रंप ने फिर दी चेतावनी
ट्रंप ने चेतावनी दी कि कोई भी नया टकराव कहीं ज़्यादा बुरा होगा और आखिर में कहा, “उम्मीद है कि ईरान जल्दी से ‘मेज पर आएगा’ और बातचीत करेगा.” इस मामले पर ध्यान देने के लिए धन्यवाद.” वहीं ईरान ने भी साफ किया है कि वह किसी भी हमले का जवाब देने के लिए पूरी तरह से तैयार है.
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