Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
MIDI Health Analysis: Honest Understanding of Profiles and Experts in 2026 ‘गैंगस्टरां ते वार’ की शुरुआत के बाद पंजाब में गैंगस्टरों से संबंधित हत्याओं में भारी कमी, गोलीबारी ... मुख्य मंत्री ने हॉलैंड के महान हॉकी खिलाड़ी फ्लोरिस जान बोवेलैंडर से की मुलाकात, पंजाब के खिलाड़ियों... Road Accident: जिस घर से उठनी थी बेटे की बारात, वहां से उठी पिता की अर्थी; शादी के कार्ड बांटने निकल... Indore Viral News: गले में वरमाला और शादी का जोड़ा पहन DM ऑफिस पहुंचा दूल्हा, बोला- 'दुल्हन कैसे लाऊ... Bihar Bridge Collapse: तीन बार गिरे सुल्तानगंज पुल में 'वास्तु दोष'? निर्माण कंपनी अब करवा रही चंडी ... Kolkata Hospital Fire: कोलकाता के आनंदलोक अस्पताल में भीषण आग, खिड़कियां तोड़कर निकाले गए मरीज; पूरे... Kota British Cemetery: कोटा में हटेगा 168 साल पुराना 'विवादित' शिलालेख, भारतीय सैनिकों को बताया था '... Novak Djokovic Virat Kohli Friendship: विराट कोहली के लिए नोवाक जोकोविच का खास प्लान, भारत आकर साथ म... Salman Khan Vamshi Film Update: वामशी की फिल्म में सलमान खान का डबल रोल? हीरो के साथ विलेन बनकर भी म...

MP विधानसभा में भारी हंगामा: कैलाश विजयवर्गीय और उमंग सिंघार में तू-तू मैं-मैं, ‘औकात’ तक पहुंची बात!

भोपाल : मध्य प्रदेश विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान हंगामा हो गया. सदन में अडानी समूह का नाम आने पर कांग्रेस व बीजेपी विधायकों के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई. इस दौरान संसदीय कार्यमंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार अपना आपा खो बैठे. दोनों एक-दूसरे की औकात बताने की बात करने लगे.

अडानी समूह का नाम आते ही हंगामा

राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आरोप लगाया “प्रदेश सरकार अडानी समूह पर मेहरबान है. सरकारी फाइलें अडानी के दफ्तर में देखी जा सकती हैं. इसके उनके पास प्रमाण हैं.” इस पर संसदीय कार्यमंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा “यदि प्रमाण हैं तो रखो.” बहस बढ़ने पर कैलाश विजयवर्गीय गुस्से में आ गए और उन्होंने सिंघार से कहा “अपनी औकात में रहें नेता प्रतिपक्ष.” इस पर पलटवार करते हुए सिंघार ने कहा “मैं तुम्हें औकात दिखा दूंगा.” इसके बाद पक्ष और विपक्ष के विधायक गर्भगृह में आ गए और हंगामे की स्थिति बन गई.

विधानसभा अध्यक्ष बोले- दोनों नेता समझदारी दिखाएं

विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा “आज दुर्भाग्य से थोड़ी असहज स्थिति बन गई. मध्य प्रदेश विधानसभा की बहुत गौरवशाली परंपरा रही है. पिछले दिनों भी कई बार परिस्थितियां आई, लेकिन सभी ने समझ से रास्ता बनाया और हम आगे बढ़े. आज जो असहज स्थिति बनी, मुझे पटवा जी का एक वाक्य याद आता है. वह हमेशा कहा करते थे कि सदन में बात रखते समय गुस्स दिखना चाहिए, लेकिन गुस्सा आना नहीं चाहिए. गुस्सा दिखना अच्छी बात है, लेकिन गुस्सा आएगी तो बात भी बिगड़ जाएगी और बात रखने का तरीका भी बिगड़ जाएगा.”

पक्ष व विपक्ष की ओर से मर्यादा तोड़ी गई

विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा “सदन की मर्यादा बनी रहनी चाहिए. लेकिन आज गुस्सा आ गया दोनों पक्षों की तरफ से, इसलिए यह अहसज स्थिति बनी. इसका मुझे भी बहुत दुख है और बाकी सदस्यों को भी रंज होगा. जो भी परिस्थिति बनी, उसके लिए पक्ष और विपक्ष दोनों जिम्मेदार हैं. नेता प्रतिपक्ष बहुत ही वरिष्ठ हैं और संसदीय कार्यमंत्री भी बहुत अनुभवी हैं. दोनों के बीच सीमा कैसे टूट गई, यह हम सभी के लिए चिंता का विषय है. पक्ष और विपक्ष इसे यही खत्म करे.” इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सत्ता पक्ष की तरफ से खेद जताया.

इंदौर के भागीरथपुरा कांड पर नारेबाजी

हंगामे के दौरान इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से मौतों का मामला भी गर्माया. कांग्रेस ने मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का इस्तीफा मांगा. कांग्रेस विधायकों ने कहा “पीड़ित परिजनों को महज 2 लाख रुपये मदद दी गई, जबकि 4 लाख रुपये तो किसी भी हादसे के लिए दिए जाते हैं.” बाद में पत्रकारों से बात करते हुए कैलाश विजयवर्गीय ने कहा “मुझे कभी-कभी गुस्सा आ जाता है. ऐसा क्यों हो रहा है, यह ज्योतिषी से पूछना पड़ेगा.”

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.