ब्रेकिंग
छिंदवाड़ा में ठहाकों का 71वां साल! जब कवियों के व्यंग्य बाणों के सामने नेता भी हुए बेबस, प्रेमिका पर... Jabalpur News: जबलपुर में रजिस्ट्री और लीज का अजब-गजब खेल, अंग्रेजों के पुराने कानून से जनता बेहाल BJP Leader Death: एंबुलेंस के फर्श पर तड़पते रहे खून से लथपथ बीजेपी नेता, इलाज के दौरान मौत; ड्राइवर... MP News: सीधी के फाग गीतों में चढ़ा राजनीति का रंग, पीएम मोदी और स्थानीय सांसद पर लोक गायकों ने बांधे... दिल्ली वालों के लिए जरूरी खबर: राजघाट की ओर जाने वाले ये 5 मुख्य मार्ग प्रभावित, ट्रैफिक जाम से बचने... Bengaluru News: शादी के बाद पति के लिए छोड़ी नौकरी, फिर ससुराल में प्रताड़ना; बेंगलुरु में पूर्व महि... IND vs ENG Semifinal: वानखेड़े में इंग्लैंड से हिसाब चुकता करेगी टीम इंडिया? जानें सेमीफाइनल का पूरा... Bhooth Bangla: सेमीफाइनल से पहले अक्षय कुमार ने टीम इंडिया को दिया खास 'गुड लक', शिखर धवन के साथ की ... Punjabi Youtuber Killed in Canada: मशहूर यूट्यूबर नैन्सी ग्रेवाल की हत्या, हमलावरों ने घर में घुसकर ... ईरान हमले में भारत का नाम! क्या सच में अमेरिकी सेना ने किया भारतीय पोर्ट का उपयोग? विदेश मंत्रालय का...
देश

ओमिक्रोन के मामले 2-3 सप्ताह में 1000 और दो महीनों में 10 लाख तक आएंगे, विशेषज्ञों ने चेताया

नई दिल्ली। भारत में कोरोना वायरस के नए वेरिएंट ओमिक्रोन को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। इसके देश में मामले भी बढ़ते जा रहे हैं और अलग अलग राज्यों के विशेषज्ञों द्वारा आगे की चुनौतियों पर गंभीरता से काम करने की चेतावनी दी जा रही है। बता दें कि देश में अब तक ओमिक्रोन के मामलों की संख्या बढ़कर 391 हो गई है जिनमें से 124 मरीज ठीक भी हो चुके हैं। इस बीच COVID विशेषज्ञ समिति (केरल) के सदस्य डा टीएस अनीश ने कहा कि ओमिक्रोन के मामलों की संख्या 2-3 सप्ताह में 1000 तक पहुंचने के आसार है।

उनका कहना है, वैश्विक रुझानों से पता चलता है कि ओमिक्रोन के मामलों की संख्या 2-3 सप्ताह में 1000 और शायद 2 महीनों में एक मिलियन तक पहुंचने जा रही है। भारत में ओमिक्रोन से कुछ ज्यादा समस्या हो, उससे पहले हमारे पास एक महीने से अधिक का समय नहीं है। हमें इसे रोकने की जरूरत है।

वहीं, केआईएमएस (हैदराबाद) के निदेशक (चिकित्सा) डा संबित कहते हैं, हमें जनवरी के अंत तक COVID संख्या में वृद्धि की उम्मीद है क्योंकि हम दुनिया से अलग नहीं हैं। दुनिया जिस चीज का सामना कर रही है, हम भी उसका ही सामना करेंगे। उम्मीद है, हमारे पास इस बार गंभीर रूप से बीमार रोगियों की संख्या ज्यादा नहीं होगी जैसे कि पहले थी।

Related Articles

Back to top button