केजरीवाल का हमला: ‘दलितों की बेइज्जती हो रही, CJI पर जूता फिंका जा रहा’, देश की स्थिति पर जताई चिंता
हरियाणा के सीनियर IPS अफसर वाई पूरन कुमार के सुसाइड मामले में आरोप प्रत्यारोप का दौर शुरू हो चुका है. आत्महत्या के तीन दिन बाद गुरुवार देर शाम को चंडीगढ़ पुलिस ने FIR दर्ज कर ली. ये केस आईपीएस की पत्नी IAS अमनीत पी. कुमार की तरफ से दर्ज कराया गया है. शिकायत दर्ज कराने के पीछे सुसाइड नोट का हवाला दिया गया है. अब इस मामले में आप संयोजक अरविंद केजरीवाल और कांग्रेस ने सवाल खड़े किए हैं.
अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि हरियाणा के दलित IPS अफसर पूरण कुमारको अपनी जाति को लेकर इतना उत्पीड़न झेलना पड़ा कि उन्होंने आत्महत्या कर ली. दोषी लोगों को जल्द से जल्द सख़्त से सख़्त सजा मिलनी चाहिए.
आगे लिखा कि देश के मुख्य न्यायाधीश पर जूता फेंका गया तो इनके ट्रोल सोशल मीडिया पर दलितों को बेइज्जत कर रहे हैं, बाबा साहब अंबेडकर तक को गाली दे रहे हैं. आज भारत को ये लोग कहां ले आए हैं?
अरविंद केजरीवाल का सोशल मीडिया पोस्ट
कांग्रेस ने दी आंदोलन की चेतावनी
कांग्रेस के पूर्व मंत्री राज कुमार वेरका ने हरियाणा सरकार को दी चेतावनी है. उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार दलितों के नाम पर मगरमच्छ के आंसू बहा रही हैं, लेकिन कार्रवाई नहीं कर रही है. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द कारवाई नहीं हुई तो पूरे देश का दलित एक बड़े आंदोलन में आगे बढ़ेगा.
आईपीएस ने 15 IAS-IPS को बताया मौत का जिम्मेदार
पुलिस ने सुसाइड नोट को ही आधार मानते हुए ही आत्महत्या के लिए उकसाने और एससी/एसटी एक्ट में केस दर्ज किया गया है. सुसाइड नोट में जिनके नाम थे, उन्हें पूरे मामले में आरोपी बनाया गया है. आईपीएस ने अपने सुसाइड नोट में 15 IAS-IPS अफसरों को मौत का जिम्मेदार बताया है. इसके साथ ही उन्होंने अपने नोट में सीनियर अधिकारियों पर कई गंभीर आरोप भी लगाए हैं.
सुसाइड नहीं मर्डर- IAS अमनीत
IPS अफसर वाई पूरन कुमार की पत्नी IAS अमनीत ने कहा- ये सुसाइड नहीं मर्डर है. उन्होंने मुख्यमंत्री से मुलाकात के दौरान भी इस बात को कहा है. उन्होंने कहा कि फाइनल नोट में सब कुछ साफ है, उसी आधार पर सभी के खिलाफ FIR, अरेस्ट व सस्पेंशन की कार्रवाई होनी चाहिए.
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