Local & National News in Hindi

दिवाली से पहले की अमावस्या है बेहद खास! नकारात्मक ऊर्जा को खत्म करने के लिए अपनाएं ये अचूक और सरल उपाय

12

हिंदू धर्म में त्योहारों का राजा दीपावली, कार्तिक मास की अमावस्या को मनाया जाता है. अमावस्या की यह रात, जो घोर अंधकार वाली होती है, धार्मिक और आध्यात्मिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है. यह न केवल मां लक्ष्मी और गणेश जी की पूजा का पर्व है, बल्कि नकारात्मक शक्तियों को दूर करके घर में सुख-समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा लाने का भी विशेष समय है. दिवाली से पहले और दिवाली की रात अमावस्या के प्रभाव से नकारात्मक ऊर्जा अधिक सक्रिय हो सकती है, इसीलिए इन सरल उपायों को अपनाना बेहद शुभकारी माना गया है. पंचांग के अनुसार, इस साल दिवाली का पर्व 20 अक्टूबर दिन सोमवार को मनाया जाएगा.

अमावस्या का आध्यात्मिक महत्व

कार्तिक अमावस्या को ‘महानिशा’ या ‘तंत्र की महारात्रि’ भी कहा जाता है. मान्यता है कि इस रात दैवीय और आसुरी दोनों शक्तियां सक्रिय रहती हैं.

अंधकार पर प्रकाश की विजय: यह रात साल की सबसे अंधेरी रातों में से एक होती है. इसी अंधकार को मिटाने के लिए दीये जलाए जाते हैं, जो अज्ञानता पर ज्ञान, बुराई पर अच्छाई और निराशा पर आशा की विजय का प्रतीक हैं.

देवी काली की पूजा: कई स्थानों पर इस दिन मां काली या महाकाली की पूजा का विधान है, जिन्होंने दानवों का संहार किया था. यह स्त्री ऊर्जा की शक्ति का प्रतीक है जो नकारात्मकता का नाश करती है.

पितरों का आशीर्वाद: अमावस्या तिथि पर पितरों का तर्पण और दान करना भी अत्यंत शुभ माना जाता है. इससे पितरों का आशीर्वाद मिलता है और घर में सुख-शांति बनी रहती है.

नकारात्मक ऊर्जा खत्म करने के सरल उपाय

टूटी हुई चीज़ें हटाएं: घर में रखी खंडित मूर्तियां, टूटे हुए शीशे, जंग लगा लोहा, बंद घड़ियां, और खराब फर्नीचर तुरंत हटा दें. वास्तु के अनुसार, ये चीजें दुर्भाग्य और दरिद्रता को आकर्षित करती हैं.

पुराने कपड़ों का दान: फटे और पुराने कपड़े जो पहनने लायक न हों, उन्हें घर में न रखें. इन्हें बाहर निकाल दें या जरूरतमंदों को दान कर दें.

नमक का विशेष प्रयोग

पौंछा लगाएं: अमावस्या के दिन और दिवाली से पहले घर में पौंछा लगाते समय पानी में एक चुटकी समुद्री नमक (खड़ा नमक) मिला लें. इससे घर की सभी नकारात्मक ऊर्जाएं खत्म हो जाती हैं.

कोनों में नमक: घर के जिन कोनों में अंधेरा रहता है या जहां नकारात्मकता महसूस होती है, वहां एक कटोरी में साबुत नमक भरकर रखें. हर 15 दिन में इस नमक को बदल दें और बहते पानी में प्रवाहित कर दें.

कपूर और गूगल की धूप

धूप देना: दिवाली की शाम या अमावस्या की रात को घर में कपूर, गूगल, लोबान और गोघृत मिलाकर धूप जलाएं. इसे पूरे घर में घुमाएं. खासकर पूजा घर, प्रवेश द्वार और सभी कमरों में इसका धुआं करें. यह उपाय बुरी शक्तियों और नकारात्मकता को खत्म करता है.

मुख्य द्वार पर वंदनवार

अशोक या आम के पत्ते: दिवाली के दिन अशोक, आम या गेंदे के पत्तों का वंदनवार (तोरण) बनाकर मुख्य दरवाजे पर लगाएं. ध्यान रखें कि पत्तों की संख्या विषम हो (जैसे 5, 7, 9). इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश होता है.

पीपल के पत्ते का उपाय

तिजोरी में ‘ॐ’: दिवाली की रात एक पीपल के पत्ते पर लाल चंदन से ‘ॐ’ लिखकर उसे अपनी तिजोरी या धन रखने के स्थान पर रख दें. यह उपाय आर्थिक तंगी को दूर करता है और मां लक्ष्मी का स्थायी आशीर्वाद प्राप्त होता है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.