Viksit Haryana 2047: आत्मनिर्भरता की ओर हरियाणा के कदम, 14 हजार युवाओं को मिला ग्रामीण स्व-रोजगार प्रशिक्षण
चंडीगढ़: विकसित हरियाणा-2047 के संकल्प को साकार करने के लिए नायब सरकार ने युवा शक्ति स्वरोजगार के साथ जोड़ने का विजन तैयार किया है। शिक्षा, कौशल विकास और स्वरोजगार के मॉडल के जरिए प्रदेश के हजारों युवाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है। नायब सरकार का इसी स्वरोजगार विजन का रोडमैप राज्यपाल प्रोफेसर असीम कुमार घोष ने बजट सत्र में अपने अभिभाषण के दौरान सदन में प्रस्तुत किया।
नायब सरकार ने विकसित हरियाणा-2047 मिशन के आधार को मजबूत करने के लिए युवाओं को हुनरमंद बनाने की दिशा में कदम बढ़ाते हुए दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना की शुरुआत की है। । यह पहल न केवल युवाओं के सपनों को नई उड़ान दे रही है, बल्कि स्वरोजगार के नए रास्ते भी खोल रही है। अब तक 4826 ग्रामीण युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया गया है। इसके साथ ही, ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थानों के माध्यम से वर्ष 2025 में 14 हजार 198 युवाओं को प्रशिक्षण दिया है, जिनमें से 70 प्रतिशत युवा स्वरोजगार से जुड़े हैं। युवाओं के कौशल को निखारने में श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय भी अहम भूमिका निभा रहा है।
विकसित हरियाणा विजन को नई गति देगा डिपार्टमेंट ऑफ फ्यूचर
युवाओं के सपनों को नई उड़ान और विकसित हरियाणा विजन को पूरा करने के लिए नायब सरकार की ओर से डिपार्टमेंट ऑफ फ्यूचर विभाग का गठन किया गया है। यह पहल वर्ष 2047 के विकसित हरियाणा को गति देने में कारगर साबित होगी। इसका मकसद युवाओं को हुनरमंद बनाने और भविष्य की योजनाओं और नीतियों का क्रियान्वयन है।
एनकेआरएन ने युवाओं के विदेश जाने के सपने को किया पूरा
हरियाणा कौशल रोजगार निगम युवाओं को रोजगार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। अब तक 1.18 लाख संविदा कर्मियों को एचकेआरएन के माध्यम से नियुक्त किया गया है। वहीं, राज्य के युवाओं के लिए विदेश में रोजगार नए अवसर मुहैया करवाए जा रहे हैं। राज्य के 200 युवाओं को इजराइल में कंस्ट्रक्शन वर्कर और 210 युवाओं को यूनाइटेड अरब अमीरात में बाइक राइडर और वेयर हाउस असिस्टेंट के तौर पर रोजगार दिलाया गया है।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.