Local & National News in Hindi

इंजीनियर वाली नौकरी भी फेल! इस महिला भिखारी की 10 दिन की इतनी आमदनी देख चौंक गए अफसर

11

इंदौर को भिखारी मुक्त की दिशा में महिला बाल विकास विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. विभाग ने शहर में कार्रवाई करते हुए 14 भिखारियों को पकड़ा है. इन सभी भिखारियों में से एक महिला भिक्षावृत्ति करते हुए 10 से 12 दिन में 75 हजार रुपये इकट्ठा कर लिए. महिला बाल विकास विभाग ने महिला को उज्जैन के सेवाधाम आश्रम भेजा है.

इंदौर कलेक्टर आशीष सिंह के निर्देश पर इंदौर शहर को भिक्षुक मुक्त करने के अभियान के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही रही है. महिला बाल विकास अधिकारी दिनेश मिश्रा के नेतृत्व में इसी कड़ी में करीब 14 अलग-अलग टीम शहर के विभिन्न इलाकों में जाकर मंदिरों और धार्मिक स्थलों के आसपास भीख मांगने वाले लोगों को पड़कर सेवा धाम आश्रम उज्जैन भेज रही है.

75 हजार से ज्यादा की रकम की बरामद

कलेक्टर आशीष के आदेश के बाद महिला बाल विकास की टीम ने सुबह आठ बजे से कार्रवाई शुरू की. इस दौरान टीम ने शहर के विभिन्न इलाकों में भीख मांग रही महिलाओं के अलावा कुछ बुजुर्ग व्यक्तियों को भी पकड़ा और सभी को कलेक्टर के आदेश पर उज्जैन के सेवा धाम आश्रम भेजा गया. महिला बाल विकास विभाग की टीम को इसी दौरान राजवाड़ा के शनि मंदिर पर भीख मांगती हुई एक महिला मिली, जिसकी जांच करने पर टीम ने उसकी साड़ी के भीतर छुपा कर रखे गए 75 हजार से ज्यादा की रकम बरामद की.

पकड़े लोगों को भेजा जा रहा है आश्रम

परियोजना अधिकारी दिनेश मिश्रा ने बताया कि महिला ने 10 से 12 दिन में भीख मांग कर यह राशि इकट्ठा की थी. महिला इंदौर के पालदा इलाके की रहने वाली है. इसके अलावा शहर में कुछ ऐसे परिवार भी है जो 7 से 8 बार भीख मांगने की वजह से पकड़े जा चुके हैं और वह लगातार भीख मांगने के पैशे से ही जुड़े हुए हैं. फिलहाल सभी भिखारियों को उज्जैन के सेवा धाम आश्रम में भेजा गया है, जहां उनकी काउंसलिंग करा कर उन्हें भिक्षा वृत्ति छोड़कर समाज की मुख्य धारा में वापस लाने का प्रयास किया जा रहा है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.