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अतुल सुभाष का भाई आ रहा दिल्ली, बताया क्या है निकिता सिंघानिया को लेकर आगे का प्लान

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AI सॉफ्टवेयर इंजीनियर अतुल सुभाष केस (Atul Subhash Suicide Update) में बड़ी खबर सामने आ रही है. अतुल सुभाष के भाई विकास मोदी ने बताया कि वो जल्द ही दिल्ली आ रहे हैं. यहां आकर वो इंसाफ के लिए कैंडिल मार्च निकालेंगे. उन्होंने ये भी बताया कि आरोपी निकिता (Nikita Singhania), निशा और अनुराग ने बेल के लिए अप्लाई किया है, जिस पर 30 दिसंबर को सुनवाई होनी है. विकास ने कहा- हमारे पास भी सारे सबूत हैं. हम पूरी तरह तैयार हैं. सुप्रीम कोर्ट तक जाएंगे. भाई को न्याय दिलाने की पूरी कोशिश करेंगे. भतीजे की कस्टडी की भी 7 जनवरी को सुनवाई है. हम लोग आगे के लिए लीगल हेल्प ले रहे हैं.

फिलहाल अतुल की बीवी निकिता सिंघानिया, सास निशा और साला अनुराग बेंगलुरु जेल में बंद हैं. इन तीनों पर पर अतुल को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगा है. फिलहाल वो बेंगलुरु की जेल में बंद है. 9 दिसंबर को अतुल सुभाष ने 24 पन्नों का सुसाइड नोट छोड़ अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली थी. पत्नी निकिता, सास, साला और चाचा ससुर के खिलाफ सुसाइड के लिए उकसाने का आरोप लगाया. फिर अतुल के भाई विकास की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज किया.

15 दिन की न्यायिक हिरासत

इसी सिलसिले में निकिता, निशा और अनुराग की गिरफ्तारी हुई. फिर उन्हें 15 दिन की न्यायिक हिरासत पर भेज दिया गया. 31 दिसंबर को तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जाएगा. वहीं, चौथे आरोपी यानि निकिता के चाचा को पुलिस गिरफ्तार कर पाती, उससे पहले ही उन्हें हाईकोर्ट से जमानत मिल गई.

अतुल सुभाष पर आरोप

बेंगलुरु जेल में बंद निकिता ने अपने ऊपर लगाए सारे आरोपों को गलत बताया. साथ ही अतुल पर आरोप लगाए कि वो ही उसे परेशन करते थे. अतुल और ससुराल वाले दहेज के लिए उनसे मारपीट करते थे. अतुल पर निकिता ने तीन लड़कियों से अवैध संबंध होने का भी आरोप लगाया.

विकास ने खारिज किए आरोप

अतुल सुभाष के भाई ने निकिता के आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया. निकिता के दावों को झूठा बताते हुए उन्होंने कहा, ‘ये आरोप केवल अतुल की छवि खराब करने और मामले को भटकाने के लिए लगाए जा रहे हैं. हम अपने भाई की मौत से पहले ही सदमे में हैं और इस तरह के आरोप हमारी पीड़ा को बढ़ा रहे हैं.’ उन्होंने कहा कि अतुल का चरित्र बेदाग था. जो आरोप लगाए जा रहे हैं, वे केवल ध्यान हटाने और सच्चाई को छुपाने के लिए हैं.

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