Local & National News in Hindi

पाकिस्तान की टॉप लीडरशिप से मिले ईरान के विदेश मंत्री, जानिए भारत पर क्या-क्या बात हुई

10

भारत और पाकिस्तान के बीच ईरान शांति का दूत बनके आया है. ईरान ने पहलगाम हमले के बाद अपने विदेश मंत्री अब्बास अराघची को पाकिस्तान भेजा हैं. ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने सोमवार को भारत और पाकिस्तान से ‘संयम बरतने’ और तनाव को बढ़ने से रोकने का आग्रह किया. पड़ोसी देशों के तनाव के बीच उन्होंने पाकिस्तान के शीर्ष नेतृत्व के साथ बातचीत की.

पाकिस्तानी विदेश कार्यालय के मुताबिक अराघची और उप प्रधानमंत्री मोहम्मद इशाक डार ने दक्षिण एशिया में उभरती स्थिति और अमेरिका-ईरान वार्ता पर विचारों का आदान-प्रदान किया और इस बात पर सहमति जताई कि जटिल मुद्दों को कूटनीति और बातचीत के जरिए सुलझाया जा सकता है. पाकिस्तान दौरा पूरा करने के अब्बास अराघची नई दिल्ली आ रहे हैं, जहां वह भारतीय अधिकारियों से बात करेंगे.

पाक पहुंच कर क्या बोले अराघची?

ईरानी विदेश मंत्री की यात्रा 22 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान और भारत के बीच तनाव के बीच हो रही है, जिसमें 26 लोग मारे गए थे, जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे. पाकिस्तान पहुंचने के बाद अराघची ने कहा, “क्षेत्र में स्थिति ईरान के लिए बहुत महत्वपूर्ण है और हम तनाव कम करने के महत्व पर जोर देते हैं, साथ ही सभी पक्षों से संयम बरतने और स्थिति को और खराब होने से रोकने का आह्वान करते हैं.”

भारत के दुस्साहस का जवाब

अब्बास अराघची से इश्हाक डार ने कहा, “लेकिन हम भारत द्वारा किसी भी दुस्साहस का दृढ़तापूर्वक और पूरी ताकत से जवाब देंगे.” सरकारी रेडियो पाकिस्तान ने बताया कि बैठक के दौरान डार ने दक्षिण एशिया में मौजूदा तनाव पर पाकिस्तान की गंभीर चिंताओं को साझा किया और इसके लिए भारत के ‘उकसाने वाले व्यवहार’ को जिम्मेदार ठहराया.

इश्हाक डार ने पहलगाम हमले से पाकिस्तान का पल्ला झाड़ा और भारत के आरोपों को खारिज कर दिया. साथ ही उन्होंने इस्लामाबाद की अंतरराष्ट्रीय, पारदर्शी और निष्पक्ष जांच की मांग दोहराई.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.