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धोखेबाज लिव-इन-पार्टनर का खूनी खेल: गर्लफ्रेंड की हत्या कर नदी में फेंकी लाश, फिर ट्रेन में रख दिया मोबाइल, उसके बाद जो हुआ…

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उत्तर प्रदेश के कानपुर से दिल को दहला देने वाली खबर सामने आई है. यहां एक युवक अपनी प्रेमिका संग लिव-इन-रिलेशनशिप में रह रहा था. मगर उसका किसी और युवती से भी अफेयर चल रहा था. गर्लफ्रेंड को इसकी भनक लगी तो उसने प्रेमी से झगड़ा किया. गुस्से में प्रेमी ने फिर अपनी ही प्रेमिका का मर्डर कर डाला, जो उसके साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही थी.

आरोपी ने फिर शव को सूटकेस में भरकर दोस्त की मदद से करीब 100 किलोमीटर दूर यमुना नदी में फेंक दिया. पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. हालांकि, शव अभी बरामद नहीं हो सका है. पुलिस ने बताया कि कानपुर देहात के सुजनीपुर गांव निवासी विजयश्री की 20 वर्षीय बेटी आकांक्षा उर्फ माही बर्रा स्थित एक रेस्टोरेंट में काम करती थी. कुछ समय पहले इंस्टाग्राम के जरिए उसकी दोस्ती फतेहपुर जनपद के बिदंकी क्षेत्र के हरीखेड़ा गांव निवासी सूरज उत्तम से हुई थी. धीरे-धीरे नजदीकियां बढ़ीं और तीन महीने पहले आकांक्षा ने बर्रा का रेस्टोरेंट छोड़कर सूरज के कहने पर हमीरपुर रोड स्थित कान्हा रेस्टोरेंट ज्वाइन कर लिया. इसके बाद दोनों ने हनुमंत विहार में किराए पर मकान लेकर लिव-इन में रहना शुरू कर दिया.

दूसरी गर्लफ्रेंड का चल गया पता

21 जुलाई को आकांक्षा को सूरज के किसी और युवती से संबंधों की जानकारी हुई. इस बात पर दोनों के बीच जमकर विवाद हुआ. रात करीब 10.30 बजे जब वे कमरे पर लौटे तो कहासुनी इतनी बढ़ी कि हाथापाई होने लगी. इसी दौरान सूरज ने गला दबाकर आकांक्षा की हत्या कर दी. इसके बाद उसने अपने दोस्त जाफरगंज निवासी आशीष को बुलाया. दोनों ने शव को सूटकेस में भरा और बाइक से ले जाकर चिल्ला पुल से यमुना नदी में फेंक दिया.

गर्लफ्रेंड का फोन ट्रेन में छोड़ा

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना के बाद सूरज लगातार आकांक्षा के मोबाइल से उसके परिवार को संदेश भेजकर उन्हें गुमराह करता रहा. यहां तक कि पकड़े जाने के डर से उसने फोन को ट्रेन में छोड़ दिया. कई दिन तक बेटी से बात न होने पर परिवार ने सूरज से संपर्क साधा, लेकिन उसने टरका दिया. थक-हारकर परिजन पुलिस के पास पहुंचे, मगर शुरुआत में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई. बाद में 1090 वूमेन हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराने के बाद 8 अगस्त को हनुमंत विहार थाने में अपहरण का मुकदमा लिखा गया.

सख्ती से पूछताछ में उगला राज

लगातार दबाव और पैरवी के बाद पुलिस ने जांच तेज की. काल डिटेल और लोकेशन की पड़ताल में सामने आया कि घटना वाले दिन से तीन दिन तक आकांक्षा और सूरज के मोबाइल की लोकेशन एक ही जगह रही थी. दोनों के बीच लगातार बातचीत भी हुई थी. इसी आधार पर पुलिस ने सूरज से सख्ती से पूछताछ की तो उसने वारदात कबूल कर ली. पुलिस ने उसे और उसके साथी आशीष को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. हालांकि, अभी तक मृतका का शव नहीं मिला है. पुलिस शव की तलाश में लगी हुई है.

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