Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
‘गैंगस्टरां ते वार’ की शुरुआत के बाद पंजाब में गैंगस्टरों से संबंधित हत्याओं में भारी कमी, गोलीबारी ... मुख्य मंत्री ने हॉलैंड के महान हॉकी खिलाड़ी फ्लोरिस जान बोवेलैंडर से की मुलाकात, पंजाब के खिलाड़ियों... Road Accident: जिस घर से उठनी थी बेटे की बारात, वहां से उठी पिता की अर्थी; शादी के कार्ड बांटने निकल... Indore Viral News: गले में वरमाला और शादी का जोड़ा पहन DM ऑफिस पहुंचा दूल्हा, बोला- 'दुल्हन कैसे लाऊ... Bihar Bridge Collapse: तीन बार गिरे सुल्तानगंज पुल में 'वास्तु दोष'? निर्माण कंपनी अब करवा रही चंडी ... Kolkata Hospital Fire: कोलकाता के आनंदलोक अस्पताल में भीषण आग, खिड़कियां तोड़कर निकाले गए मरीज; पूरे... Kota British Cemetery: कोटा में हटेगा 168 साल पुराना 'विवादित' शिलालेख, भारतीय सैनिकों को बताया था '... Novak Djokovic Virat Kohli Friendship: विराट कोहली के लिए नोवाक जोकोविच का खास प्लान, भारत आकर साथ म... Salman Khan Vamshi Film Update: वामशी की फिल्म में सलमान खान का डबल रोल? हीरो के साथ विलेन बनकर भी म... Crude Oil Supply: भारत के लिए खुशखबरी! इराक और सीरिया का 15 साल से बंद बॉर्डर खुला, क्या अब और सस्ता...

दिल्ली में रहना सस्ता? महंगाई दर मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु, चेन्नई से भी कम, आंकड़ों ने किया खुलासा, क्या है इसके पीछे की वजह?

भले ही देश की राजधानी दिल्ली में रहना, खाना, पीना काफी महंगा हो, उसके बाद भी देश के बाकी मैट्रो सिटीज और अन्य शहरों के मुकाबले में महंगाई काफी कम है. एक ताजा रिपोर्ट में इस बात का खुलाया हुआ है कि देश की राजधानी में महंगाई देश के 15 बड़े शहरों के मुकाबले में काफी कम है. खास बात तो ये है कि इस बात का खुलासा किसी प्राइवेट रिपोर्ट से नहीं बल्कि सरकारी रिपोर्ट से हुआ है. मुंबई, कोलकाता, चेन्नई और एनसीआर के बाकी शहरों के मुकाबले में दिल्ली में महंगाई का आंकड़ा काफी कम देखने को मिला है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर किस रिपोर्ट में इस बात की जानकारी दी गई है.

15 शहरों से कम दिल्ली में महंगाई

दिल्ली सरकार के अर्थशास्त्र एवं सांख्यिकी निदेशालय द्वारा तैयार रिपोर्ट में जानकारी दी गई है कि देश राजधानी में पिछले वित्त वर्ष महंगाई दर अन्य महानगरों तथा राष्ट्रीय औसत से काफी कम रही. ऐसा खासकर फ्यूल और पॉवर ग्रुप में रहा, लेकिन खाद्य एवं पेय तथा आवास सेक्टर में यह दर बढ़ी. रिपोर्ट में औद्योगिक श्रमिकों के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई-आईडब्ल्यू) का आकलन दिल्ली और 14 अन्य महानगरों के बीच किया गया. इनमें दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई, बेंगलुरु, हैदराबाद, जयपुर, इंदौर, फरीदाबाद, गाजियाबाद, भोपाल, चंडीगढ़, वाराणसी, अमृतसर तथा लखनऊ शामिल हैं.

कोलकाता और मुंबई से कम दिल्ली में महंगाई

रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2024-25 में कोलकाता में सीपीआई (आईडब्ल्यू) में सबसे अधिक 3.6 प्रतिशत वृद्धि हुई, जबकि राष्ट्रीय औसत 3.4 प्रतिशत रहा. इसके बाद मुंबई (3.0 फीसदी), दिल्ली (1.8 फीसदी) का स्थान रहा. चेन्नई में कोई बदलाव नहीं हुआ. चयनित 15 प्रमुख शहरों में कैलेंडर वर्ष 2024 के लिए दिल्ली का उपभोक्ता मूल्य सूचकांक तीसरा सबसे कम तथा वित्त वर्ष 2024-25 के लिए पांचवां सबसे कम रहा. सबसे अधिक सूचकांक लखनऊ और चंडीगढ़ में दर्ज किया गया. उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) एक ऐसा तरीका है जिससे यह पता चलता है कि आम घरों के लिए रोजमर्रा की ज़रूरी चीज़ें और सेवाएं (जैसे खाना, कपड़ा, दवा, किराया, बिजली आदि) समय के साथ कितनी महंगी या सस्ती हुई हैं.

दिल्ली में महंगाई के कुछ ऐसे रहे आंकड़े

वर्ष 2020, 2021, 2023 और 2024 में दिल्ली की मुद्रास्फीति दर पूरे भारत की तुलना में कम रही. हालांकि, 2022 में दिल्ली की मुद्रास्फीति दर, पूरे देश से अधिक थी. पिछले साल दिल्ली में महंगाई दर 1.7 प्रतिशत रही, जबकि राष्ट्रीय औसत 3.8 प्रतिशत था. सीपीआई (आईडब्ल्यू) के अनुसार दिल्ली में 2020 से 2024 के बीच मुद्रास्फीति की दर 1.7 प्रतिशत से लेकर आठ प्रतिशत तक रही है. 2024 में मुद्रास्फीति दर 1.7 प्रतिशत रही, जबकि 2023 में यह 3.7 प्रतिशत थी. खाद्य और पेय पदार्थों समूह में 2024 में मुद्रास्फीति दर 5.6 प्रतिशत रही, जबकि 2023 में यह 4.6 प्रतिशत थी. पान, सुपारी, तंबाकू और नशीले पदार्थों वाले समूह में 2024 में कोई बदलाव नहीं देखा गया जबकि 2023 में इस समूह की मुद्रास्फीति दर 3.7 प्रतिशत थी.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.