Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
‘गैंगस्टरां ते वार’ की शुरुआत के बाद पंजाब में गैंगस्टरों से संबंधित हत्याओं में भारी कमी, गोलीबारी ... मुख्य मंत्री ने हॉलैंड के महान हॉकी खिलाड़ी फ्लोरिस जान बोवेलैंडर से की मुलाकात, पंजाब के खिलाड़ियों... Road Accident: जिस घर से उठनी थी बेटे की बारात, वहां से उठी पिता की अर्थी; शादी के कार्ड बांटने निकल... Indore Viral News: गले में वरमाला और शादी का जोड़ा पहन DM ऑफिस पहुंचा दूल्हा, बोला- 'दुल्हन कैसे लाऊ... Bihar Bridge Collapse: तीन बार गिरे सुल्तानगंज पुल में 'वास्तु दोष'? निर्माण कंपनी अब करवा रही चंडी ... Kolkata Hospital Fire: कोलकाता के आनंदलोक अस्पताल में भीषण आग, खिड़कियां तोड़कर निकाले गए मरीज; पूरे... Kota British Cemetery: कोटा में हटेगा 168 साल पुराना 'विवादित' शिलालेख, भारतीय सैनिकों को बताया था '... Novak Djokovic Virat Kohli Friendship: विराट कोहली के लिए नोवाक जोकोविच का खास प्लान, भारत आकर साथ म... Salman Khan Vamshi Film Update: वामशी की फिल्म में सलमान खान का डबल रोल? हीरो के साथ विलेन बनकर भी म... Crude Oil Supply: भारत के लिए खुशखबरी! इराक और सीरिया का 15 साल से बंद बॉर्डर खुला, क्या अब और सस्ता...

लालू परिवार पर कानूनी शिकंजा: कोर्ट ने कहा- ‘लैंड फॉर जॉब स्कैम में पुख्ता सबूत’, शुरू होगा ट्रायल।

लैंड फॉर जॉब घोटाला मामले में दिल्ली कोर्ट ने RJD सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव समेत अन्य के खिलाफ आरोप तय कर दिए हैं. कोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि लालू यादव और उनके परिवार ने आपराधिक सिंडिकेट की तरह काम किया. आरोपियों के बीच व्यापक आपराधिक साजिश के स्पष्ट संकेत हैं. सीबीआई केस में लैंड के बदले नौकरी देने की साजिश प्रथम दृष्टया साबित होती है. मामले में आगे ट्रायल की प्रक्रिया शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है. इस मामले में लालू यादव की पत्नी राबड़ी देवी, मीसा भारती और बेटे तेजस्वी यादव आरोपी हैं.

कोर्ट ने अपने आदेश में क्या-क्या कहा है?

जज विशाल गोग्ने ने आदेश सुनाते हुए कहा- कोर्ट संदेह के आधार पर यह पाती है कि लालू यादव ने अपने परिवार के लिए अचल संपत्तियां प्राप्त करने के लिए सार्वजनिक रोजगार को सौदेबाजी के हथियार के रूप में इस्तेमाल करने की एक व्यापक साजिश रची थी. कोर्ट ने आगे कहा कि जो चार्जशीट में कहा गया है, उसे अगर मान लिया जाए तो इस मामले में लालू को अपने करीबी सहयोगियों का भी साथ मिला.

सीबीआई ने चार्जशीट में क्या कहा है?

सीबीआई ने इस मामले में जो चार्जशीट दाखिल की है, उसमें कहा गया है कि 2004 से 2009 तक रेल मंत्री रहने के दौरान लालू यादव ने नौकरी के बदले अभ्यर्थियों से जमीन गिफ्ट में लिया. दाखिल चार्जशीट में कहा गया है कि रेल मंत्री रहते उन्होंने नियमों को ताक पर रख रेलवे में ग्रुप-D श्रेणी की भर्तियां की गईं और बदलें में अभ्यर्थी की जमीन लालू प्रसाद यादव के परिवार या उनके करीबी लोगों के नाम पर ट्रांसफर करवा ली गई.

लैंड फॉर जॉब स्कैम में कब क्या हुआ?

2020 के बाद सीबीआई और ईडी ने लैंड फॉर स्कैम केस में बिहार और दिल्ली के कई ठिकानों पर छामेपारी की. इसके बाद 18 मई 2022 को सीबीआई ने इस मामले में केस दर्ज किया. 7 अक्तूबर 2022 को सीबीआई ने जमीन के बदले नौकरी मामले में पहली चार्जशीट दाखिल की. जून 2024 में सीबीआई ने इस मामले में अंतिम चार्जशीट दाखिल की. सीबीआई ने इस केस में 107 लोगों को आरोपी बनाया था, जिसमें 38 वे लोग थे, जो जमीन देकर नौकरी पाए थे. 5 आरोपियों की मौत हो चुकी है. कोर्ट ने अब इस केस में 41 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए हैं.

मनमोहन सरकार में लालू बने थे रेल मंत्री

2004 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस गठबंधन को जीत मिली थी. लालू यादव की पार्टी ने इस चुनाव में 24 सीटों पर जीत हासिल की. इन सीटों की बदौलत लालू मनमोहन सरकार में रेल मंत्री बन गए. लालू के करीबी रघुवंश प्रसाद सिंह को मनमोहन सरकार में ग्रामीण विकास मंत्री बनाया गया था. लालू 2004 से 2009 तक मनमोहन सरकार में रेल मंत्री रहे.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.