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पालतू कुत्ते ने 8 साल के मासूम को काटा, कोर्ट ने मालिक को ठहराया जिम्मेदार, सुनाई सजा

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अगर आप अपने घर में पालतू कुत्ता रखते हैं, तो यह फैसला आपके लिए भी अहम है। मध्य प्रदेश के जबलपुर की एक जिला अदालत ने 8 साल के मासूम पर पालतू कुत्ते के हमले के मामले में उसके मालिक को जिम्मेदार मानते हुए सजा सुनाई है। करीब छह साल पुराने इस मामले में न्यायालय ने स्पष्ट किया कि पालतू जानवरों को नियंत्रित रखना मालिक की जिम्मेदारी है और लापरवाही बरतने पर कानूनी कार्रवाई से बचा नहीं जा सकता।

60 वर्षीय आरोपी को कोर्ट उठने तक की कैद और जुर्माना

जबलपुर की जेएमएफसी (JMFC) कोर्ट ने कौशल्या अपार्टमेंट निवासी 60 वर्षीय गेविन डिसूजा को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 289 के तहत दोषी ठहराया। अदालत ने आरोपी को कोर्ट उठने तक की कैद और एक हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। हालांकि, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी से संबंधित आरोपों में पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने पर उन्हें उन धाराओं से दोषमुक्त कर दिया गया।

पंचर की दुकान के पास 8 साल के मासूम पर किया था हमला

अभियोजन पक्ष के अनुसार, यह पूरी घटना 20 अक्टूबर 2020 की है। सिविल लाइंस क्षेत्र निवासी सलीम रहमान अपनी मोटरसाइकिल का पंचर बनवाने जा रहे थे। तभी उनके पीछे उनका आठ वर्षीय बेटा आतुर रहमान भी पैदल चल रहा था। इसी दौरान रास्ते में आरोपी के पालतू कुत्ते ने अचानक बच्चे पर हमला कर दिया और उसकी कमर के निचले हिस्से पर काट लिया। हमले में बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया। उसकी चीख सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए और किसी तरह उसे बचाया।

इलाज कराने के बजाय मालिक ने किया विवाद, थाने पहुंचा मामला

घटना के बाद घायल बच्चे के पिता ने कुत्ते के मालिक से इलाज की व्यवस्था करने और जिम्मेदारी लेने की बात कही। आरोप है कि इस पर आरोपी ने सहयोग करने के बजाय विवाद किया। इसके बाद पीड़ित परिवार सीधे सिविल लाइंस थाने पहुंचा और पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने गहन जांच के बाद प्रकरण न्यायालय में प्रस्तुत किया।

‘जानवर की लापरवाही पर मालिक जिम्मेदारी से बच नहीं सकता’

मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर माना कि आरोपी ने अपने पालतू कुत्ते को नियंत्रित रखने में लापरवाही बरती, जिसकी वजह से एक मासूम बच्चा घायल हुआ। न्यायालय ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि पालतू जानवरों से किसी भी व्यक्ति को नुकसान पहुंचने की स्थिति में मालिक अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकता।

कुत्ता पालने वालों के लिए सबक है यह फैसला

इस फैसले को पालतू पशु पालने वालों के लिए एक महत्वपूर्ण सबक माना जा रहा है। पालतू कुत्ता या कोई भी जानवर पालने वाले व्यक्ति की जिम्मेदारी सिर्फ उसे खाना-पानी देने तक सीमित नहीं है। अगर मालिक की लापरवाही की वजह से उसका पालतू जानवर किसी को नुकसान पहुंचाता है, तो इसके लिए मालिक को भी कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है। यानी पालतू जानवरों को घर और सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षित तरीके से रखना हर मालिक की जिम्मेदारी है और लापरवाही साबित होने पर सजा भी भुगतनी पड़ सकती है।

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