राष्ट चंडिका न्यूज़, सिवनी: मध्य प्रदेश सिवनी नगर में इन दिनों विकास के नाम पर जो हो रहा है, उसने नागरिकों को चौंका दिया है। नगर के कई हिस्सों में पहले से बनी मजबूत सीमेंट सड़कों पर अब डामरीकरण (डामर बिछाने) का काम किया जा रहा है। यह कार्य ना केवल तकनीकी दृष्टि से गलत है, बल्कि प्रशासनिक पारदर्शिता पर भी गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। सीमेंट सड़क पर डामर क्यों ? तकनीकी रूप से सीमेंट कांक्रीट सड़कें वर्षों तक टिकाऊ मानी जाती हैं, जिन्हें बार-बार मरम्मत की आवश्यकता नहीं होती। ऐसे में इन पर डामर बिछाना न केवल इंजीनियरिंग के नियमों की अनदेखीहै, बल्कि इसका कोई व्यावहारिक लाभ भी नहीं दिखता। विशेषज्ञों का कहना है कि यह कार्य अनुचित व अनावश्यक है। जनता में आक्रोशस्थानीय निवासी लगातार सवाल उठा रहे हैं जब सड़क पूरी तरह दुरुस्त है तो उस पर डामर क्यों डाला जा रहा है? क्या यह कार्य केवल बजट खत्म करने और कमीशनखोरी के लिए किया जा रहा है? इसके लिए किस विभाग ने मंजूरी दी ? नगरवासियों का यह भी कहना है कि जब शहर के कई मोहल्लों में आज भी कच्ची सड़कें और जलभराव जैसी समस्याएं बनी हुई हैं, तब बनी बनाई सड़कों पर पैसा खर्च करना एक सुनियोजित भ्रष्टाचार का संकेत है।
प्रशासन मौन, जवाबदारी तय नहींअब तक नगर पालिका या निर्माण एजेंसी की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। न तो टेंडर की जानकारी सार्वजनिक की गई है और न ही परियोजना की तकनीकी मंजूरी का विवरण। जनता की मांग जांच हो, कार्रवाई होइस मुद्दे पर स्थानीय सामाजिक संगठनों ने भी आवाज उठाई है और कार्य की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। राष्ट्र चंडिका न्यूज़ की नज़र बनी हुई हैं हम इस पूरे मामले पर बारीकी से नज़र रखे हुए हैं। आने वाले दिनों में हम टेंडर दस्तावेज़, इंजीनियरिंग रिपोर्ट और ज़िम्मेदार अधिकारियों के जवाब जनता के सामने लाएंगे.