Local & National News in Hindi

Priyanka Gandhi on NEET: ‘संसद बच्चों की है, किसी की जागीर नहीं’, छात्रों पर लाठीचार्ज से भड़कीं प्रियंका गांधी

40

नई दिल्ली: कांग्रेस महासचिव और लोकसभा सांसद प्रियंका गांधी वाद्रा (Priyanka Gandhi Vadra) ने प्रदर्शनकारियों पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग किए जाने को लेकर सोमवार को केंद्र सरकार पर तीखा निशाना साधा। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि संसद देश के बच्चों की है, यह किसी की जागीर नहीं है। प्रियंका गांधी ने मांग की कि नीट (NEET) के मामले पर संसद में विस्तृत चर्चा होनी चाहिए और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) को देश के करोड़ों युवाओं की बात सुननी चाहिए।

‘पेपर लीक और री-नीट की गड़बड़ियों पर पीएम दें जवाब’

प्रियंका गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर पोस्ट करते हुए लिखा, “भाजपा सरकार को बच्चों पर लाठी चलाने की जगह अपनी नीतियों और अक्षमताओं की समीक्षा करनी चाहिए। पहले नीट का पेपर लीक हुआ, परीक्षा रद्द हुई और री-नीट में भी गड़बड़ी की खबरें आई हैं। कहा गया था कि प्रधानमंत्री खुद निगरानी करेंगे, इसके बावजूद यह सब क्यों और कैसे हो रहा है? बार-बार इतने पेपर लीक कैसे हो रहे हैं?” उन्होंने कहा कि संसद में इस मुद्दे पर विस्तृत चर्चा होनी चाहिए और प्रधानमंत्री को आगे आकर युवाओं को जवाब देना चाहिए।

‘छात्रों पर आंसू गैस के गोले दागना पूरी तरह गलत’

इससे पहले, संसद परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए प्रियंका गांधी ने कहा, “ये देश के बच्चे हैं, देश के भविष्य हैं। यह संसद उनकी है, किसी की जागीर नहीं है।” सरकार के रवैये पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा, “देश में कई समस्याएं और बड़े-बड़े मुद्दे हैं, लेकिन सरकार उन पर चर्चा के लिए राजी नहीं है। वे बच्चों पर आंसू गैस के गोले दाग रहे हैं और उनकी पिटाई कर रहे हैं। किस लिए? ये बच्चे हमारे हैं।”

कॉजपा के प्रदर्शन और पुलिस लाठीचार्ज से गरमाया था माहौल

प्रियंका गांधी ने इस दौरान यह भी याद दिलाया कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) लंबे समय से शिक्षा से जुड़े इन अहम मुद्दों को उठाते रहे हैं। गौरतलब है कि परीक्षा प्रश्नपत्र लीक होने के विरोध में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (कॉजपा) द्वारा सोमवार को बुलाए गए ‘संसद मार्च’ के दौरान भारी बवाल हुआ था। पुलिस ने हजारों की संख्या में जुटे युवाओं को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया। विरोध प्रदर्शन तेज होने के कारण मध्य दिल्ली के एक बड़े हिस्से में यातायात पूरी तरह से ठप हो गया था।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.