लगातार तीसरे दिन भी रूस पर यूक्रेन से ताबड़तोड़ प्रहार का सिलसिला जारी है. रूस ने शनिवार को 93 ड्रोन गिरा दिए फिर रूस के कई शहरों में धमाके हुए. रूस में हमले के पीछे NATO की मदद साफ दिखाई दे रही है क्योंकि यूक्रेन के ड्रोन सटीक निशाने के साथ रूस के अहम ठिकानों को टारगेट कर रहे हैं. रूसी तेल ठिकानों को निशाना बनाने के साथ ही सेना से जुड़ी हर चीज पर यूक्रेन प्रहार कर रहा है. रूस के सोची में यूक्रेन ने फिर एक तेल डिपो का नष्ट कर दिया है, वहीं वोल्गोग्राद में गैस पाइपलाइन को निशाना बनाया जिससे रूस की कई फैक्ट्री में काम रुक गया है.
रूस में हालात अब वैसे ही हैं, जैसा अमेरिका और यूरोप ने तय किया है. जंग में यूक्रेन की धमाकेदार वापसी का असर तीसरे दिन भी नजर आ रहा है. हर प्रहार से रूस को बड़ा नुकसान पहुंचाने की रणनीति है. इसलिए रूस में ऑयल रिफाइनरी पर हमले हो रहे हैं. गैस पाइपलाइन को टारगेट किया जा रहा है. रूसी सेना से जुड़े कारखाने और रूसी सेना की सप्लाई लाइन पर प्रहार हो रहा है. शनिवार की रात रूस का सोची इलाका यूक्रेन का प्राइम टारगेट था. रात के अंधेरे में धमाकों के बाद आग की लपटें आसमान छू रही थीं.
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