कच्ची शराब का कहर: सिवनी के डौरली छतरपुर गांव में सैकड़ों महिलाओं ने किया विरोध, कलेक्टर-एसपी को सौंपा ज्ञापन
राष्ट्र चंडिका न्यूज़, सिवनी। जिला मुख्यालय से सटे ग्रामीण इलाकों में कच्ची (अवैध) शराब की अवैध बिक्री का कारोबार धड़ल्ले से चल रहा है, जिससे कई परिवारों के आशियाने उजड़ रहे हैं और सामाजिक ताना-बाना बिगड़ रहा है। प्रशासन के प्रति खौफ खत्म होने के चलते यह गोरखधंधा अब गांव-गांव तक फैल गया है।
उजड़ रहे घर, बच्चे भी बन रहे शिकार
अवैध शराब के सेवन से ग्रामीण महिलाएं अपने पतियों से बेहद परेशान हैं। स्थिति की गंभीरता का अंदाज़ा इस बात से लगाया जा सकता है कि बाप और बेटा दोनों एक साथ शराब का सेवन कर रहे हैं। यहां तक कि महिलाओं के बच्चे भी अब इसकी जद में आकर शराब पीने लगे हैं, जिससे गांवों का भविष्य खतरे में है।
महिलाओं ने उठाई आवाज: कलेक्टर-एसपी को दिया ज्ञापन
यह गंभीर मामला सिवनी से लगे डौरली छतरपुर गांव का है। गांव की सैकड़ों की संख्या में पीड़ित महिलाओं ने अब इस कुरीति के खिलाफ एकजुट होकर आवाज उठाई है। मंगलवार को ये महिलाएं सिवनी के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय पहुंचीं और अवैध शराब बिक्री को तुरंत बंद कराने की मांग को लेकर क्रमशः एसपी को और कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन सौंपा।
> “इस शराब ने हमारे घरों को बर्बाद कर दिया है। हमारे पति और बच्चे दोनों पीने लगे हैं। अगर प्रशासन जल्द कार्रवाई नहीं करता है, तो हम चुप नहीं बैठेंगे।”
> “गांव में कच्ची शराब की वजह से माहौल बहुत खराब हो गया है। प्रशासन को सख्त कदम उठाकर इसे तुरंत बंद कराना चाहिए, ताकि हमारे गांव की शांति और भविष्य सुरक्षित हो सके।
“प्रशासन को आंदोलन की चेतावनी
महिलाओं का कहना है कि यदि प्रशासन ने जल्द से जल्द इस अवैध शराब बिक्री पर रोक नहीं लगाई, तो आने वाले समय में वे धरना प्रदर्शन करेंगी और प्रशासन के खिलाफ एक बड़ा आंदोलन शुरू करने के लिए मजबूर होंगी। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि वे अपने बच्चों और परिवारों को बचाने के लिए किसी भी हद तक जाएंगी।